दोस्ती वो होती है, जो हर मुश्किल में साथ खड़ी रहे,
मिल जाए तो बातें लंबी और बिछड़ जाए तो यादें लंबी।
“तेरी दोस्ती और मेरा प्यार, दोनों साथ जिया जायें।”
“अकेले में भी तेरा नाम, दिल को सहारा दे जाता है।”
“यारी में एटीट्यूड नहीं, बस गाना गुनगुनाना ज़रूरी है।”
पर उनकी यादें हर वक़्त दोस्ती बनकर जीती हैं।
अब लोग हमें देखकर कहते हैं, ये बला की सख्त बन चुकी है।
लोग कहते हैं ज़मीं पर किसी को खुदा नहीं मिलता,
“यारी में जो बोले ‘अरे चलो’, वही असली दोस्त है।”
हमारे रिश्ते में बस फुल एटीट्यूड ही छुपा है।
पाँच मिनट बाद वही दोस्त मुझे… “खो गए क्या?” कह कर मजाक उड़ाते हैं!
ज़ुबान पे नाम लाना जरूरी नहीं होता मेरे दोस्तों
“यारी के रंग जितने प्यारे, वक्त के हर मोड़ पर साथ हमारे।”
“सच्चा यार वो, जो दिल का Dosti Shayari बोझ हल्का करे।”